मुंबई : अब पीने के पानी का नो टेंशन
मुंबई : मुंबई को पानी आपूर्ति करने वाले तालाबों में इतना पानी पानी जमा हो गया है कि अब इससे मुंबईकरों की सबसे बड़ी समस्या खत्म हो गई है. शनिवार तक सभी तालाबों में 93.74% पानी जमा होने की खबर से बीएमसी अधिकारियों की बाँछें खिल गई, जिन्होंने बताया कि इतने पानी से अगले साल जुलाई तक मुंबईकरों को निर्बाध सप्लाई की जा सकती है. मौसम विभाग ने अगले दो दिन तक तालाबों के कैचमेंट क्षेत्र में भारी बारिश की संभावना जताई है. गौरतलब है कि इस वर्ष अगस्त जून और जुलाई महीने में बरसात नहीं होने से पानी को लेकर बीएमसी की चिंता बढ़ गई थी. अगस्त के पहले सप्ताह में सभी तालाबों में मात्र 35 प्रतिशत पानी शेष रह गया था जिसके बाद 5 अगस्त से मुंबई में 20 प्रतिशत पानी कटौती शुरु की गई थी. पर पिछले पंद्रह दिनों के दौरान तालाब क्षेत्रों में हुई अच्छी बारिश का यह असर हुआ है कि जलापूर्ति करने वाले तालाबों में 93.74% प्रतिशत पानी जमा हो गया.
मुंबई के सात तालाबों की कुल भंडारण क्षमता 14.47 लाख मिलियन लीटर है. शनिवार सुबह 6 बजे तक 13.56 लाख मिलियन लीटर पानी जमा हो गया था. अगस्त महीने में हुई रिकॉर्ड बारिश के कारण 2018 में जितना पानी जमा था उससे अधिक पानी इस वर्ष जमा हो गया है. 2018 में पूरे सीजन में 93.69% जमा हुआ था. अधिकारियों के अनुसार कैचमेंट क्षेत्र में इसी तरह बरसात होती रही तो पर गत वर्ष से अधिक पानी जमा हो जाएगा. मुंबई शहर को जलापूर्ति करने वाले 7 तालाब में से 4 तालाब तुलसी और विहार, मोडक सागर, तानसा ओवरफ्लो हो चुके हैं. मुंबई को कुल होने वाली पानी आपूर्ति का आधा हिस्सा भातसा जलाशय से किया जाता है. उसके भी 3 गेट खोल दिए गए हैं. अपर वैतरणा में 83.20% और मध्य वैतरणा में 95.20% पानी जमा हो गया है.