5 साल के बेटे की ठीक नहीं हुई बीमारी तो पिता ने उठाया ये खौफनाक कदम
कर्नाटक में एक भयावह घटना को अंजाम देने के के आरोप में एक शख्स को गिरफ्तार किया गया है। मामला देवनागरी जिले का है जहां एम अयप्पा नाम के शख्स से मिर्गी से पीड़ित अपने 5 साल के बच्चे की ही सुपारी देकर हत्या करा दी। 5 साल का मासूम मिर्गी की बीमारी से पीड़ित था और उसका काफी समय से इलाज चल रहा था। लेकिन बच्चे की तबीयत में कोई सुधार नहीं हो रहा था, जिसस अयप्पा काफी परेशान था। आरोपी महेश नाम के शख्स को बच्चे की हत्या की सुपारी दी थी जो कि उसका दोस्त है। इधर महेश का आपराधिक रिकॉर्ड था और पुलिस की नजरों में चढ़ा हुआ था। पुलिस को सूचना मिली की महेश अपने दोस्त के बच्चे की हत्या में भी शामिल था। इसके बाद पुलिस ने महेश और अयप्पा दोनों को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो हैरान करने वाले राज सामने आ गए। एम अयप्पा ने पुलिस से बताया कि उसके तीसरे बच्चे को मिर्गी की बीमारी थी जिसका वह पिछले 3 साल से इलाज कर रहा था। इलाज में उसका करीब 4 लाख रुपए खर्च हो चुके हैं और अब उसके पास एक भी पैसा नहीं है। अभी जो इलाज चल रहा था उसमें एक हजार रुपए रोज खर्च हो रहे थे लेकिन उसकी तबीयत में कोई सुधार नहीं नजर आ रहा था।
इसके बाद उसने बच्चे की हत्या कराने की सोची और यह बात अपने दोस्त को बताई। उसके दोस्त महेश ने कहा कि इसके लिए 50000 हजार रुपए लगेंगे। एक ऐसा इंजेक्शन आता है कि बिना दर्द के ही उसके बेटे को मौत मिल जाएगी। इसके लिए अयप्पा तैयार हो गया और फिर हत्या के प्लान के तहत उसने जून महीने अपनी पत्नी और तीन बच्चों को रिश्तेदारों के यहां भेज दिया। अयप्पा के बुलाने पर महेश उसके घर गया और बच्चे का गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद अयप्पा ने पड़ोसियों का बताया कि लंबी बीमारी के चलते उसके बेटे की मौत हो गई। इस पर किसी ने संदेह नहीं जताता और बच्चे का अंतिम संस्कार करा दिया गया।
इसी बीच कुछ समय बाद पुलिस के मुखबिरों ने सूचना दी कि महेश अपने दोस्त के बेटे की हत्या में शामिल था। जिसके बाद पुलिस ने संदेह के आधार पर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। दोनों ने पूछताछ में हत्या की साजिश रचने की बात कबूल ली जिसके बाद पुलिस ने उन्हें जेल भेज दिया।