मुंबई में सीवर और मैनहोल की सफाई के दौरान सफाईकर्मी की मौत, 1 की हालत गंभीर
मुंबई : मुंबई में सीवर और मैनहोल की सफाई के दौरान सुरक्षा मानकों की अनदेखी का एक और मामला सामने आया है। सांताक्रूज पूर्व के गोलिबार रोड नंबर-8 स्थित भव्या निकेतन सोसायटी में सीवर की सफाई के लिए मैनहोल में उतरे दो निजी सफाईकर्मी जहरीली गैस की चपेट में आ गए। दम घुटने से एक मजदूर की मौत हो गई, जबकि दूसरे की हालत गंभीर बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, दोनों मजदूर सीवर की सफाई के लिए मैनहोल के अंदर उतरे थे। कुछ ही देर बाद उन्हें सांस लेने में परेशानी होने लगी। इसके बाद दोनों बेहोश हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही बचाव दल को मौके पर बुलाया गया और दोनों मजदूरों को मैनहोल से बाहर निकाला गया।
दोनों को तत्काल मुंबई अस्पताल पहुंचाया गया। वहां चिकित्सकों ने 50 वर्षीय काश्ते को मृत घोषित कर दिया। हादसे में 30 वर्षीय अजय ठाकूर की हालत गंभीर बताई जा रही है और उसका अस्पताल में उपचार जारी है।
मुंबई शहर में सीवर और मैनहोल के भीतर कई प्रकार की जहरीली गैसें जमा हो सकती हैं। इसके अलावा अंदर ऑक्सीजन का स्तर भी कम हो सकता है। ऐसी स्थिति में बिना सुरक्षा उपकरण और गैस की जांच किए मैनहोल में उतरना सफाईकर्मियों के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।
इस हादसे ने सीवर और मैनहोल की सफाई के दौरान अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों पर फिर सवाल खड़े किए हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, सीवर में ऑक्सीजन की कमी और जहरीली गैसों की मौजूदगी कुछ ही समय में व्यक्ति के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। ऐसे काम के दौरान गैस की जांच, पर्याप्त वेंटिलेशन, सुरक्षात्मक उपकरण और प्रशिक्षित कर्मचारियों की मदद जरूरी होती है। घटना के बाद संबंधित अधिकारियों की ओर से मामले की जानकारी जुटाई जा रही है। यह भी जांच का विषय है कि सफाईकर्मियों को मैनहोल में उतारने से पहले आवश्यक सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन किया गया था या नहीं।