दूसरी डोज लिए बिना 'गायब' हो गए 10 हजार लोग?
मुंबई, मुंबई में कोरोना वैक्सीन की पहली खुराक ले चुके करीब पौने पांच लाख लाभार्थी दूसरी खुराक से चूक गए हैं। इन्हें खोजने का काम वॉर्ड स्तर पर बने वॉर रूम को सौंपा गया है। अब तक किए गए कॉल्स में 10 हजार लाभार्थियों के मोबाइल या तो स्विच ऑफ पाए गए या फिर आउट ऑफ नेटवर्क मिले।
मुंबई में इन दिनों वैक्सीनेशन की रफ्तार धीमी पड़ी हो गई है। सितंबर में वैक्सीनेशन सेंटरों पर लगने वाली भीड़ अब नदारद हो गई है। वैक्सीनेशन के कम होने की प्रमुख वजह लाभार्थियों के वैक्सीनेशन केंद्रों पर न आना बताई जा रही है।
बीएमसी के अतिरिक्त आयुक्त सुरेश काकानी ने बताया कि मुंबई में करीब 4 लाख 73 हजार ऐसे लाभार्थी हैं, जो पहली खुराक लेने के बाद दूसरी खुराक का समय आने के बाद भी टीके लगवाने के लिए केंद्र पर नहीं पहुंचे। दूसरे डोज लेने के लिए केंद्र पर न पहुंचने वाले सभी लाभार्थियों को तलाशने का जिम्मा वॉर्ड वॉर रूम को सौंपा गया है। हर वॉर्ड में 20 से 23 हजार लाभार्थी हैं, जो दूसरी डोज लेने नहीं आए हैं।
काकानी ने कहा कि शुरुआत में सभी लाभार्थियों को उनके मोबाइल के जरिए संपर्क किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अभी तक 24 वॉर्डों में किए गए संपर्क में से 10 हजार लाभार्थी में से अधिकतर के मोबाइल फोन स्विच ऑफ या आउट ऑफ नेटवर्क एरिया पाए गए हैं।
काकानी ने बताया कि वॉर्ड वॉर रूम के अधिकारी पहले चरण में फोन पर लाभार्थियों से संपर्क करेंगे। इस दौरान उनका संपर्क नहीं होता है, तो वे क्षेत्र में कार्यरत स्वास्थ्य सेविकाओं की मदद से संबंधित लाभर्थियों के घर पर जाकर संपर्क करने की कोशिश करेंगे। संबंधित लाभार्थी मिलने पर अधिकारी उन्हें दूसरे टीके लगवाने के लिए प्रोत्साहित करेंगे और साथ ही यह भी जानने की कोशिश करेंगे कि उन्होंने वैक्सीन की दूसरी खुराक क्यों नहीं ली?