मुंबई : तूफान का खतरा, मुंबई में एनडीआरएफ तैनात
मुंबई : वैश्विक महामारी कोरोना का कोप झेल रही मुंबई व आस पास के इलाकों में अब तूफान का खतरा मंडरा रहा है. इस खतरे को देखते हुए मुंबई में एनडीआरएफ की टीमें तैनात की गई हैं. मौसम विभाग की सूचना के बाद एहतियात के उपाय किये गए हैं. समुद्र में गए मछुआरों को वापस बुला लिया गया है. मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने किसी भी मछुआरे को समुद्र में जाने से मना किया है. ठाकरे ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के साथ बैठक की एवं सभी जिलाधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिया है.
मुंबई, पालघर एवं कोंकण में रेड अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने 3 एवं 4 जून को तेज हवा चलने एवं भारी बारिश की संभावना जतायी है.खतरे को देखते हुए मुंबई, पालघर एवं कोंकण में रेड अलर्ट जारी किया गया है एवं एनडीआरएफ की टीमों को मुस्तैद कर दिया गया है.आपदा प्रबंधन, राहत व पुनर्वसन विभाग ने तूफान से निपटने को लेकर पूरी तैयारी कर ली है.अरब सागर में बन रहे हैं 2 तूफान
मौसम विभाग के मुताबिक तूफान की वजह से मुंबई सहित राज्य में 4 और 5 जून को भारी बारिश हो सकती है.निसर्ग तूफान 3 जून को गुजरात और महाराष्ट्र के तट पर पहुंचेगा. इस दौरान 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. मौसम विभाग की तरफ से कहा गया है कि अरब सागर में 2 तूफान बन रहे हैं. इनमें से एक अफ्रीकन तट से ओमान की तरफ चला जाएगा, जबकि दूसरा तूफान भारत के करीब अरब सागर के साउथ ईस्ट-ईस्ट-सेंट्रल क्षेत्र में तैयार हो रहा है. अगले 48 घंटों में इसकी तीव्रता बढ़ने की संभावना है. उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ते हुए यह तूफान 3 जून तक गुजरात और उत्तरी महाराष्ट्र के तटों से टकराएगा.
एनडीआरएफ की 9 टीमों को महाराष्ट्र के तटीय जिलों में तैनात किया गया
तूफान के खतरे को देखते हुए नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (एनडीआरएफ) की 9 टीमों को महाराष्ट्र के तटीय जिलों में तैनात किया गया है, जिनमें से 3 टीम मुंबई में, 2 पालघर में और एक-एक टीम ठाणे, रायगड़, रत्नागिरी और सिंधुदुर्ग में तैनात की गई हैं. एनडीआरएफ की टीमें महाराष्ट्र सरकार, मौसम विभाग और जिलों के प्रशासन से लगातार संपर्क में हैं.
105 से 110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं
बताया गया कि चक्रवाती तूफान फिलहाल मुंबई से करीब 600 किमी दूर है. 3 जून को दोपहर या शाम तक तट को पार करेगा तो इसके असर के कारण 105 से 110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. मुंबई के अलावा, इसके जद में ठाणे, नवी-मुंबई, पनवेल, कल्याण-डोंबिवली, भायंदर, वसई-विरार, उल्हासनगर, बदलापुर और अंबरनाथ भी आ सकता है. इससे पहले सोमवार को मुंबई और ठाणे और पालघर के कुछ इलाकों में हल्की बारिश हुई.
कोविड अस्पतालों पर विशेष नज़र
निसर्ग तूफान के संभावित खतरे को देखते हुए विशेष सतर्कता बरती जा रही है. इसको लेकर बैठकों का दौर जारी है. सबसे बड़ी समस्या खुले मैदानों में तैयार किए गए कोविड सेंटर एवं अस्पतालों की सुरक्षा को लेकर है.इस संदर्भ में सोमवार को मंत्रालय में उच्च स्तरीय बैठक हुई. जिसमें यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि खुले मैदानों में बने कोरोना अस्पताल के मरीजों को तकलीफ न हो. किसी भी हालत में विद्युत आपूर्ति खंडित नहीं होनी चाहिए.इस पर विशेष ध्यान देने की जरुरत है.निचले इलाकों में पानी भरने की संभावना को देखते हुए मुंबई मनपा एवं सरकार की तरफ से विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं. राजस्व मंत्री बाला साहेब थोरात ने तूफान को लेकर ट्वीट किया है, जिसमें उन्होंने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है.