मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे से आजावाही करने वाले लोगों को जल्द ही बड़ी राहत मिलने वाली
मुंबई : देश की आर्थिक राजधानी मुंबई और पुणे के लोगों अगले महीने बहुत बड़ी सौगात मिलने जा रही है। पहले यह अपडेट सामने आया था कि कई साल से निर्माणधीन मिसिंग लिंक प्रोजेक्ट 1 मई काे शुरू हो जाएगा, लेकिन अब यह संभावना जताई जा रही कि इसके खुलने में कुछ और देरी हो सकती है, हालांकि इसके मई में खुलने की पूरी संभावना है। इसके बाद मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर सफर बेहद सुहावना और राेमांचकारी हो जाएगा। मिसिंग लिंक प्रोजेक्ट का काम लगभग पूरा हो चुका है। ताजा वर्क अपडेट के अनुसार अब सिर्फ़ फाइनल बिटुमेन लेयर और सतह पर लेन मार्किंग बाकी है। लोड टेस्टिंग भी चल रही है। इस प्रोजेक्ट से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस जल्द इसकी सौगात दे सकते हैं।
अनूठा है मिसिंग लिंक प्रोजेक्ट?
मिसिंग लिंक प्रोजेक्ट की कुल लंबाई 13.3 किलोमीटर है।
यह प्रोजेक्ट खोपोली (ठाणे) से कुसगांव (लोनावाला) तक एक नया 8 लेन मार्ग बनाती है।
यह नया 8 लेन मार्ग खंडाला घाट के संकरे हिस्से को बाईपास करता है।
इन नए मार्ग से मुंबई-पुणे के बीच की दूरी को लगभग 6 किलोमीटर कम हो जाएगी।
दोनों शहरों के बीच यात्रा में लगने वाले समय में 25-30 मिनट तक की कमी आएगी।
60 मंजिल ऊंचे ब्रिज से गुजरेंगे वाहन
मिसिंग लिंक प्रोजेक्ट में दो 8-लेन वाली जुड़वां सुरंगें हैं। मुख्य सुरंग की चौड़ाई लगभग 23.5 मीटर है, जो इसे दुनिया की सबसे चौड़ी रोड सुरंगों में से एक है। टाइगर वैली के ऊपर बना 650 मीटर लंबा केबल-स्टेड ब्रिज इस प्रोजेक्ट का मुख्य आकर्षण है। इसके हीराकार खंभे 182 मीटर ऊंचे हैं। यह ऊंचाई 60 मंजिला इमारत के बराबर हैं। यह भारत का सबसे ऊंचा केबल-स्टेड ब्रिज है। यह नया लिंक खंडाला घाट के तीखे मोड़ों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों को बाईपास करता है, जिससे मुंबई पुणे एक्सप्रेसवे का सफर सुरक्षित हो जाएगा। महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम द्वारा क्रियान्वित इस महत्वाकांक्षी परियोजना की कुल लागत लगभग 6,600 करोड़ रुपये के करीब है है।